बेंज़ोडायज़ेपीन और मिलती-जुलती सेडेटिव दवाएँ कुछ मिनटों में घबराहट शांत करती हैं, इसलिए लोकप्रिय हैं। नियमित इस्तेमाल से शरीर आदी हो जाता है और लत लग सकती है।
दिशानिर्देश इन्हें सिर्फ़ थोड़े समय के लिए सुझाते हैं, जब तक लंबे समय के इलाज असर दिखाना शुरू करें।
मुख्य बातें
- जल्दी असर वाली सेडेटिव: थोड़े समय की राहत, लत का ख़तरा
- एंटीडिप्रेसेंट और CBT: धीमे पर स्थायी और बिना लत
- नियमित इस्तेमाल के बाद सेडेटिव अचानक कभी बंद न करें
लक्षण और संकेत
- उसी असर के लिए ज़्यादा मात्रा की ज़रूरत
- दो डोज़ के बीच घबराहट लौटना
- सुस्ती, भूलना, लड़खड़ाहट
कारण
- सेडेटिव के प्रति दिमाग़ का आदी होना
- कारण के इलाज के बजाय गोलियों पर निर्भरता
- बिना पर्चे आसान उपलब्धता
जोखिम कारक
- 2–4 हफ़्ते से ज़्यादा इस्तेमाल
- सेडेटिव के साथ शराब
- ज़्यादा उम्र — गिरना और भ्रम
प्रमाण-आधारित प्रबंधन
- सेडेटिव सिर्फ़ पर्चे के अनुसार, सबसे कम समय तक
- लंबे समय का इलाज (थेरेपी, एंटीडिप्रेसेंट) जल्दी शुरू करें
- नियमित ले रहे हों तो डॉक्टर के साथ धीरे-धीरे कम करें
- सेडेटिव लेते समय शराब और गाड़ी चलाने से बचें
विशेषज्ञ से कब मिलें
- एक महीने से ज़्यादा रोज़ घबराहट की गोली
- बिना पर्चे ख़रीदना
- छोड़ने के बाद दौरे, भ्रम या तेज़ घबराहट — इमरजेंसी
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या घबराहट की सभी दवाओं की लत लगती है?
नहीं। घबराहट में दी जाने वाली एंटीडिप्रेसेंट दवाओं की लत नहीं लगती; सेडेटिव गोलियों की लग सकती है।
मैं सालों से ले रहा हूँ। क्या छोड़ सकता हूँ?
हाँ, धीमे, निगरानी वाले टेपर और नींद व घबराहट के सहारे के साथ।
चिकित्सा संदर्भ
इस लेख के लिए उपयोग किए गए दिशानिर्देश और आधिकारिक स्रोत।
- Generalised anxiety disorder and panic disorder in adults: management (CG113). NICE, UK, 2011.
- mhGAP Intervention Guide for mental, neurological and substance use disorders in non-specialized health settings, version 2.0. World Health Organization, 2016.
- लेखक
- डॉ. कुलदीप बुडानिया, MBBS, MD Psychiatry
- चिकित्सा समीक्षक
- डॉ. कुलदीप बुडानिया, MD Psychiatry
- अंतिम समीक्षा
यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है; व्यक्तिगत चिकित्सा सलाह का विकल्प नहीं है।
संबंधित लेख
संबंधित जानकारी
व्यक्तिगत सलाह चाहिए? गोपनीय परामर्श बुक करें।
